
नई दिल्ली। पाकिस्तानी मीडिया की एक रिपोर्ट के मुताबिक़, भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री और पीएमएल-एन सुप्रीमो नवाज़ शरीफ़ की मां के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें चिठ्ठी लिखी. रिपोर्ट के मुताबिक़, प्रधानमंत्री मोदी ने नवाज़ शरीफ को पिछले महीने चिट्ठी लिखी थी, जिसमें 22 नवंबर को हुए उनकी मां के देहांत पर ”गहरी संवेदना” व्यक्त की गई थी.
डॉन अख़बार की गुरुवार को प्रकाशित ख़बर के मुताबिक़, इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग ने ये ख़त नवाज़ शरीफ़ की बेटी और पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज़ (पीएमएल-एन) की उपाध्यक्ष मरियम नवाज़ को भेजा और उनसे अनुरोध किया कि वो इस बारे में अपने पिता को सूचित करें. 27 नवंबर की तारीख़ में लिखी गई इस चिट्ठी में प्रधानमंत्री मोदी ने शरीफ़ की मां के निधन पर उन्हें “गहरी संवेदनाएं” भेजीं.
नवाज़ की मां से हुई मुलाक़ात को याद किया
गुरुवार को पीएमएल-एन की ओर से जारी चिट्ठी में मोदी ने लिखा, “प्रिय मियां साहब, 22 नवंबर को लंदन में आपकी मां बेगम शमीम अख़्तर के निधन के बारे में जानकर मुझे गहरा दुख हुआ है. इस दुख की घड़ी में मेरी गहरी संवेदना आपके साथ हैं.”
साथ ही उन्होंने लिखा, “इस दुख की घड़ी में, मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूं कि आपको और आपके परिवार को इस अपूरणीय क्षति को सहन करने की शक्ति दें.”
अख़बार के मुताबिक़, मरियम को 11 दिसंबर को उनके लाहौर स्थित आवास पर भेजे गए एक अलग पत्र में, भारतीय अधिकारी गौरव अहलूवालिया ने अनुरोध किया कि वो लंदन में मौजूद नवाज़ शरीफ़ तक ये शोक संदेश पहुंचा दें.
तीन बार प्रधानमंत्री रहे नवाज़ भ्रष्टाचार के कई मामलों का सामना कर रहे हैं. लाहौर हाई कोर्ट ने उन्हें दिल और इम्यून सिस्टम से जुड़ी बीमारियों के इलाज के लिए चार हफ़्ते विदेश जाने की अनुमति दी थी, इसके बाद बीते साल नवंबर से ही वो लंदन में हैं.
नवाज़ शरीफ़ की मां बेगम शमीम अख़्तर का 22 नवंबर को ब्रिटेन में निधन हो गया था. बाद में उनके शव को पाकिस्तान ले जाया गया था और उन्हें लाहौर में जाति उमरा स्थित पैतृक निवास में दफ़नाया गया.
दिसंबर 2015 में प्रधानमंत्री मोदी ने अफ़ग़ानिस्तान से लौटते हुए अचानक पाकिस्तान जाकर सबको चौंका दिया था. शरीफ़ उन्हें लेने आए थे और दोनों नेता लाहौर हवाई अड्डे से एक हेलिकॉप्टर में बैठकर रायविंड ले गए थे.
इसके बाद प्रधानमंत्री मोदी घर पर हुई शरीफ़ की पोती की शादी में शामिल हुए. यहां कुछ वक़्त रुकने के बाद उन्होंने दिल्ली जाने से पहले अपने पाकिस्तानी समकक्ष के साथ बैठक की.
बीते एक दशक से भी ज़्यादा वक़्त में किसी भारतीय प्रधानमंत्री का ये पहला पाकिस्तान दौरा था.
फिर भारत और पाकिस्तान के बीच के रिश्ते तब बिगड़ने लगे जब साल 2016 में पठानकोट वायुसेना अड्डे पर एक चरमपंथी हमला हुआ.
भारत ने इस हमले के लिए पाकिस्तान स्थित एक संगठन को ज़िम्मेदार ठहराया.
इसके बाद उरी में भारतीय सेना के कैंप समेत एक के बाद एक हमलों ने रिश्ते को और ख़राब कर दिया.
5 अगस्त, 2019 को भारत की ओर से जम्मू और कश्मीर के विशेष दर्जे को ख़त्म कर इसे दो केंद्र शासित प्रदेशों में विभाजित करने के बाद दोनों देशों के बीच संबंध और बिगड़ गए.
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